NCERT बना डीम्ड यूनिवर्सिटी, अब UG-PG से लेकर PhD तक के कोर्स कराएगा संचालित
केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) को डीम्ड यूनिवर्सिटी का दर्जा दे दिया है. अब NCERT UG, PG और PhD स्तर तक के कोर्स शुरू कर सकेगा, जिससे शिक्षा और शोध को नई दिशा मिलने की उम्मीद है.

नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा फैसला लेते हुए राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) को 'डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी' का दर्जा दे दिया है. इस निर्णय के बाद अब NCERT उच्च शिक्षा के विभिन्न स्तरों पर अपने शैक्षणिक कार्यक्रम शुरू कर सकेगा.
यह कदम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के अनुरूप शिक्षक शिक्षा और शोध गतिविधियों को मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है. साथ ही, संस्थान को ऑफ-कैंपस और ऑफशोर सेंटर स्थापित करने की अनुमति भी दी गई है, जो विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) के दिशा-निर्देशों के तहत संचालित होंगे.
सरकारी अधिसूचना में क्या कहा गया
शिक्षा मंत्रालय द्वारा जारी अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि केंद्र सरकार को UGC अधिनियम, 1956 की धारा 3 के तहत किसी भी उच्च शिक्षण संस्थान को ‘डीम्ड यूनिवर्सिटी’ घोषित करने का अधिकार है.
इसी प्रावधान के तहत NCERT को यह दर्जा प्रदान किया गया है, जिससे अब यह एक मानित विश्वविद्यालय के रूप में कार्य करेगा.
छह इकाइयों पर भी लागू होगा निर्णय
यह दर्जा केवल दिल्ली स्थित मुख्यालय तक सीमित नहीं है, बल्कि NCERT की छह घटक इकाइयों पर भी लागू होगा.
इनमें शामिल हैं-
- क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान, अजमेर
- क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान, भोपाल
- क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान, भुवनेश्वर
- क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान, मैसूर
- पूर्वोत्तर क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान, शिलांग
- पंडित सुंदरलाल शर्मा केंद्रीय व्यावसायिक शिक्षा संस्थान, भोपाल
अब शुरू होंगे UG, PG और डॉक्टोरल प्रोग्राम
इस फैसले के बाद NCERT अब डिप्लोमा, अंडरग्रेजुएट (UG), पोस्टग्रेजुएट (PG), डॉक्टरेट और विशेष कोर्स संचालित कर सकेगा.
अधिसूचना में संस्थान को निर्देश दिया गया है कि वह NEP 2020 के अनुरूप अनुसंधान और नवाचार आधारित शैक्षणिक कार्यक्रमों को बढ़ावा दे.
तीन साल की प्रक्रिया के बाद मिली मंजूरी
NCERT को यह दर्जा मिलने की प्रक्रिया करीब तीन साल में पूरी हुई. इसकी शुरुआत UGC पोर्टल पर आवेदन के साथ हुई थी.
इसके बाद अगस्त 2023 में 'लेटर ऑफ इंटेंट' जारी किया गया और नवंबर 2025 में संस्थान ने अनुपालन रिपोर्ट सौंपी, जिसे विशेषज्ञ समिति ने मंजूरी दी.
अंततः 30 जनवरी को आयोजित 595वीं बैठक में NCERT को ‘डीम्ड यूनिवर्सिटी’ का दर्जा प्रदान कर दिया गया.


