डोनाल्ड ट्रंप का बड़ा ऐलान, 'ईरान नहीं वेनेजुएला से तेल खरीदेगा भारत'
डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि भारत अब ईरान से कच्चा तेल खरीदने के बजाय वेनेजुएला को अपना नया विकल्प बना सकता है.

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर वैश्विक तेल राजनीति को लेकर अपने बयानों के कारण चर्चा में हैं. ताज़ा बयान में ट्रंप ने दावा किया है कि भारत अब ईरान से कच्चा तेल खरीदने के बजाय वेनेजुएला को अपना नया विकल्प बना सकता है. ट्रंप के मुताबिक, अमेरिका इस दिशा में पहले ही एक संभावित समझौते का ढांचा तैयार कर चुका है, जिसके तहत भारत को वेनेजुएला से तेल आपूर्ति का रास्ता खुल सकता है.
ईरान पर कड़े आर्थिक और ऊर्जा प्रतिबंध
गौरतलब है कि अमेरिका ने ईरान पर लंबे समय से कड़े आर्थिक और ऊर्जा प्रतिबंध लगा रखे हैं. इन प्रतिबंधों का असर भारत की तेल आयात नीति पर भी पड़ा है. कभी ईरान भारत के सबसे बड़े कच्चे तेल आपूर्तिकर्ताओं में शामिल था, लेकिन प्रतिबंधों के बाद भारत को वहां से तेल खरीद में भारी कटौती करनी पड़ी. प्रतिबंध लागू होने से पहले ईरान का तेल न सिर्फ सस्ता था, बल्कि भारतीय रिफाइनरियों के लिए तकनीकी रूप से भी उपयुक्त माना जाता था.
#WATCH | US President Donald J Trump says, "China is welcome to come in and make a great deal on oil... We've already made a deal. India is coming in, and they're going to be buying Venezuelan oil as opposed to buying it from Iran. So, we've already made the concept of the… pic.twitter.com/278HCUHg5V
— ANI (@ANI) February 1, 2026
एक रिपोर्ट के अनुसार, डोनाल्ड ट्रंप ने यह बयान शनिवार को दिया. वह वॉशिंगटन डीसी से फ्लोरिडा की यात्रा के दौरान एयर फोर्स वन विमान में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे. इस दौरान ट्रंप ने यह भी संकेत दिया कि चीन समेत अन्य देश भी तेल को लेकर अमेरिका के साथ नई डील कर सकते हैं. ट्रंप का कहना था कि भारत अब ईरान की जगह वेनेजुएला से तेल आयात करेगा, जिससे अमेरिका की रणनीतिक योजना को मजबूती मिलेगी.
वेनेजुएला की राजनीति को लेकर ट्रंप का दावा
इसी बातचीत में ट्रंप ने वेनेजुएला की राजनीति को लेकर भी बड़ा दावा किया. उन्होंने कहा कि अमेरिका ने वेनेजुएला की सत्ता व्यवस्था पर नियंत्रण स्थापित कर लिया है. ट्रंप के मुताबिक, गिरफ्तार राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की करीबी सहयोगी डेल्सी रोड्रिग्ज को अंतरिम नेतृत्व की अनुमति दी गई है, क्योंकि वह अमेरिका की शर्तों को मानने के लिए तैयार हैं.
इस बीच, वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर बातचीत की. इस बातचीत में ऊर्जा, व्यापार और निवेश जैसे अहम मुद्दों पर द्विपक्षीय सहयोग को आगे बढ़ाने पर चर्चा हुई. मादुरो की गिरफ्तारी और अमेरिका की सैन्य कार्रवाई के बाद भारत के साथ यह वेनेजुएला का पहला उच्चस्तरीय संपर्क माना जा रहा है.
फोन कॉल के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि दोनों देशों ने भविष्य में भारत-वेनेजुएला संबंधों को और मज़बूत करने पर सहमति जताई है. वहीं, विदेश मंत्रालय ने भी बताया कि ऊर्जा के अलावा व्यापार, डिजिटल तकनीक, स्वास्थ्य, कृषि और लोगों के बीच संपर्क जैसे कई क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विचार हुआ है.


