ट्रंप ने स्कूल लंच में संपूर्ण दूध की वापसी का कानून किया पारित , ओबामा के पोषण नियम रद्द
राष्ट्रपति ट्रम्प ने स्कूलों में संपूर्ण दूध की वापसी की मंजूरी दी, जिससे कम वसा वाले दूध पर पहले के प्रतिबंध हट गए हैं. इस बदलाव से बच्चों को पोषण विकल्प बढ़ेंगे और डेयरी उद्योग को लाभ होगा, जबकि मिशेल ओबामा के पुराने सुधार पलट दिए गए हैं.

संयुक्त राज्य अमेरिका में स्कूलों की कैंटीनों में संपूर्ण दूध की वापसी की राह अब आसान हो गई है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने हाल ही में ‘स्वस्थ बच्चों के लिए संपूर्ण दूध अधिनियम’ पर हस्ताक्षर किए हैं, जिससे 2012 में लागू किए गए कम वसा वाले दूध पर लगाए गए प्रतिबंध हट गए हैं.
हस्ताक्षर समारोह में ट्रम्प ने क्या कहा?
अब राष्ट्रीय स्कूल लंच कार्यक्रम के तहत स्कूलों में संपूर्ण दूध, 2 प्रतिशत दूध के साथ-साथ स्किम्ड और लो-फैट दूध भी परोसा जा सकेगा. इसके अलावा आने वाले महीनों में फोर्टिफाइड सोया और अन्य गैर-डेयरी विकल्पों को भी स्कूलों के मेनू में शामिल किया जा सकेगा. व्हाइट हाउस में आयोजित हस्ताक्षर समारोह में ट्रम्प ने कहा कि संपूर्ण दूध सभी के लिए लाभकारी है और यह बच्चों के पोषण के लिए महत्वपूर्ण है. नए नियम के अनुसार, स्कूलों को अब माता-पिता के नोट के आधार पर भी बच्चों को डेयरी विकल्प प्रदान करने की अनुमति होगी, जबकि पहले डॉक्टर के प्रमाण पत्र की आवश्यकता होती थी. इस कदम से पूर्ण वसा वाले डेयरी उत्पादों का सेवन बढ़ने की संभावना है.
यह बदलाव 2025-2030 के आहार दिशानिर्देशों के अनावरण के तुरंत बाद आया है, जिसमें स्वस्थ आहार में संपूर्ण वसा वाले डेयरी उत्पादों को शामिल करने पर जोर दिया गया है. अमेरिकी कृषि विभाग ने सोशल मीडिया के माध्यम से इस बदलाव का प्रचार भी किया, जिसमें ट्रम्प को “दूध की मूंछ” के साथ दिखाया गया और बच्चों को पूरा दूध पीने की सलाह दी गई. हालांकि बदलाव लागू होने में कुछ समय लग सकता है क्योंकि स्कूलों को मांग का आकलन और आपूर्ति समन्वय स्थापित करना होगा.
संपूर्ण दूध की वापसी मिशेल ओबामा के स्कूल भोजन सुधारों को पलटती है, जो बच्चों में मोटापे को कम करने के लिए कम वसा वाले डेयरी उत्पादों की सिफारिश करते थे. कई पोषण विशेषज्ञ और डेयरी उद्योग समूह मानते हैं कि फुल क्रीम दूध बच्चों के लिए पौष्टिक है और इसे कम आंकना गलत है. शोध बताते हैं कि फुल क्रीम दूध पीने वाले बच्चों में मोटापे का जोखिम कम वसा वाले दूध पीने वालों की तुलना में कम हो सकता है.
कृषि सचिव ब्रुक रोलिंस ने कानून पर क्या कहा?
स्वास्थ्य सचिव रॉबर्ट एफ. कैनेडी जूनियर ने इसे स्कूल पोषण नीति में सुधार बताया, जबकि कृषि सचिव ब्रुक रोलिंस ने कहा कि यह कानून ओबामा के “संपूर्ण दूध को हटाने वाले अभियान” को सुधारता है. नए नियमों के तहत स्कूलों में फ्लेवर्ड और अनफ्लेवर्ड फुल क्रीम, 2 प्रतिशत, 1 प्रतिशत, लैक्टोज-फ्री और ऑर्गेनिक दूध उपलब्ध कराना अनिवार्य होगा.
हालांकि शोधकर्ता बताते हैं कि बच्चों में मोटापे में कमी पिछले सुधारों से आई थी, लेकिन नवीनतम अध्ययनों से पता चला है कि फुल क्रीम दूध का सेवन वजन बढ़ने का मुख्य कारण नहीं है. इस कदम से स्कूल पोषण में बड़ा बदलाव आया है और डेयरी उद्योग के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है.


