चुनाव से पहले गरमाई असम की सियासत, हिमंता बिस्वा सरमा ने गौरव गोगोई पर लगाए पाकिस्तान से संबंध के आरोप
असम सीएम हिमंता बिस्वा सरमा ने एसआईटी रिपोर्ट के आधार पर गौरव गोगोई और पत्नी एलिजाबेथ पर पाकिस्तान से कथित गहरे संबंधों का आरोप लगाया. मामला गृह मंत्रालय को सौंपा. गोगोई ने प्रेस कॉन्फ्रेंस को 'सुपर फ्लॉप' बताकर खारिज किया, सरमा पर 12,000 बीघा जमीन कब्जे का पलटवार किया.

गुवाहाटीः असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई पर फिर से हमला बोला है. एक विशेष जांच दल की रिपोर्ट में गोगोई के पाकिस्तान से कथित संबंधों का जिक्र है. सरमा ने इसे गंभीर बताते हुए केंद्रीय एजेंसी से जांच की मांग की.
जांच की शुरुआत
यह विवाद गोगोई की ब्रिटिश पत्नी एलिजाबेथ कोलबर्न के पाकिस्तान से कथित लिंक से जुड़ा है. आरोप है कि वह इस्लामाबाद में पाकिस्तान योजना आयोग के पूर्व सलाहकार तौकीर शेख के साथ काम कर रही थीं और आईएसआई से उनके संबंध थे. असम सरकार ने इन आरोपों की जांच के लिए एसआईटी गठित की थी.
एसआईटी की शुरुआती रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज हुआ. अब राज्य कैबिनेट ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा का मुद्दा मानते हुए केंद्रीय एजेंसी को सौंपने का फैसला किया है. सरमा का कहना है कि राज्य स्तर की जांच की अपनी सीमाएं हैं, इसलिए केंद्र को शामिल करना जरूरी है.
प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरमा के खुलासे
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरमा ने कहा कि उनकी सरकार ने गोगोई मामले को केंद्रीय गृह मंत्रालय को ट्रांसफर करने का निर्णय लिया है. मंत्रालय की मंजूरी मिलते ही प्रक्रिया शुरू हो जाएगी. उन्होंने जोर देकर कहा कि यह फैसला पारदर्शिता और राष्ट्रीय हित में है.
सरमा ने दावा किया कि एसआईटी की 44 पेज की रिपोर्ट से साफ है कि एलिजाबेथ ने तौकीर शेख के साथ गोपनीय दस्तावेज शेयर किए थे. उन्होंने आरोप लगाया कि गोगोई की पत्नी को पाकिस्तान नियंत्रित कर रहा था और पाकिस्तानी कंपनी लीड पाकिस्तान से उन्हें सैलरी मिली थी. सरमा ने यह भी बताया कि एलिजाबेथ पहले अमेरिकी सीनेटर टॉम उडाल और जॉर्ज सोरोस की सहायक के तौर पर काम कर चुकी हैं.
उन्होंने कहा कि गोगोई की पत्नी गुमनाम रहने के लिए अटारी बॉर्डर से पाकिस्तान जाती थीं. जांच में पता चला कि शादी के बाद वह नौ बार पाकिस्तान गईं. सरमा ने आरोप लगाया कि गोगोई परिवार के सदस्यों ने पाकिस्तानी फर्म को सलाह और इनपुट देकर मदद की. 2013 की यात्रा का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि शुरू में सिर्फ लाहौर की परमिशन थी, लेकिन बाद में इस्लामाबाद और कराची भी जाने की इजाजत मिली. सरमा ने गोगोई से इस पर स्पष्टीकरण मांगा.
पासपोर्ट और परिवार पर सवाल
सरमा ने दावा किया कि 2022 में गोगोई ने अपने नाबालिग बेटे का पासपोर्ट दिल्ली ऑफिस में जमा कर ब्रिटिश नागरिकता दिलाई. भारतीय पासपोर्ट में बच्चे को हिंदू बताया गया था, लेकिन ब्रिटिश पासपोर्ट में धर्म का कॉलम खाली था. उन्होंने गोगोई को अपना पक्ष रखने के लिए 10 दिन का समय दिया. जब कांग्रेस नेतृत्व पर सवाल उठा, तो सरमा ने कहा कि गोगोई गांधी परिवार के करीबी हैं. राहुल गांधी को इसकी जांच करनी चाहिए और जवाब देना चाहिए.
गोगोई का पलटवार
पूर्व मुख्यमंत्री तरुण गोगोई के बेटे गौरव ने सोशल मीडिया पर सरमा की प्रेस कॉन्फ्रेंस को 'सुपर फ्लॉप' बताया. लोकसभा में कांग्रेस के डिप्टी लीडर गोगोई ने कहा कि यह सी-ग्रेड फिल्म से भी घटिया थी. आरोपों को बेबुनियाद और झूठा करार देते हुए उन्होंने कहा कि पत्रकारों को ऐसी बकवास सुननी पड़ी, जिस पर तरस आता है. गोगोई ने पलटवार में सरमा और उनके परिवार पर 12,000 बीघा जमीन कब्जाने का आरोप लगाया, जो उनकी 'Xomoy Parivartan Yatra' में उजागर हुआ.


