CM नायब सैनी का भीषण गर्मी पर सख्त निर्देश, स्कूलों की छुट्टियों पर आज हो सकता है फैसला!
कुछ सूत्रों ने बताया है कि बैठक का मुख्य मकसद भीषण गर्मी में स्कूली बच्चों की सेहत और सुरक्षा तय करना है। प्रदेश के कई जिलों में पारा 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है।

चंडीगढ़: हरियाणा में लगातार बढ़ रही गर्मी और हीटवेव को देखते हुए सरकार अलर्ट मोड में आ गई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा के बीच बुधवार को अहम बैठक होने जा रही है। इस बैठक में राज्य के सरकारी और निजी स्कूलों में ग्रीष्मकालीन अवकाश की तारीखों पर अंतिम फैसला लिया जा सकता है।
बच्चों की सेहत सबसे बड़ी प्राथमिकता
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार कुछ सूत्रों ने बताया है कि बैठक का मुख्य मकसद भीषण गर्मी में स्कूली बच्चों की सेहत और सुरक्षा तय करना है। प्रदेश के कई जिलों में पारा 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है। ऐसे में छोटे बच्चों को स्कूल आने जाने में काफी दिक्कत हो रही है। अभिभावक भी लगातार छुट्टियां जल्दी करने की मांग कर रहे हैं।
शिक्षा विभाग ने सीएम को सौंपी रिपोर्ट
शिक्षा विभाग ने मौसम की स्थिति, स्कूलों के संचालन और संभावित छुट्टियों को लेकर मुख्यमंत्री को विस्तृत रिपोर्ट दी है। इस रिपोर्ट के आधार पर स्कूलों के समय में बदलाव, छुट्टियों की पहले घोषणा और दूसरे विकल्पों पर चर्चा होगी। अधिकारी मौसम विभाग से मिले इनपुट और जिलों की रिपोर्ट भी पेश करेंगे।
इस बार जल्दी हो सकती हैं गर्मी की छुट्टियां
आमतौर पर हरियाणा में समर वेकेशन जून के पहले हफ्ते से शुरू होती है। लेकिन इस बार तापमान में असामान्य बढ़ोतरी के कारण सरकार छुट्टियां पहले घोषित कर सकती है। संभावना है कि सरकारी और निजी स्कूलों के लिए एक जैसा आदेश जारी हो। इससे प्रदेश के लाखों छात्रों को राहत मिलेगी।
ईंधन और बिजली बचत पर भी होगी बात
बैठक में सिर्फ छुट्टियों पर ही नहीं बल्कि ऊर्जा और ईंधन बचत के उपायों पर भी चर्चा होगी। अगर स्कूल समय से पहले बंद होते हैं तो स्कूल बसों, परिवहन और बिजली की खपत में कमी आएगी। सरकार इसे बेहतर संसाधन प्रबंधन और प्रशासनिक दक्षता से भी जोड़कर देख रही है।
बैठक के बाद जारी होगा आदेश
गौरतलब है कि शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी बैठक में मौजूद रहेंगे। मुख्यमंत्री सभी पहलुओं पर विचार के बाद अंतिम निर्णय लेंगे। राज्यभर के छात्र, अभिभावक और शिक्षक इस फैसले का इंतजार कर रहे हैं। बैठक के तुरंत बाद शिक्षा विभाग आधिकारिक आदेश जारी कर सकता है। आदेश आते ही स्कूलों को नई समय सारिणी या छुट्टियों की तारीखें भेज दी जाएंगी। फिलहाल पूरे प्रदेश की नजर इस बैठक पर टिकी है।


