FBI ने नॉर्थ कैरोलिना में न्यू ईयर की पूर्व संध्या पर ISIS-प्रेरित हमले की साजिश को किया नाकाम, 18 साल के युवक गिरफ्तार
संयुक्त राज्य अमेरिका की एफबीआई ने उत्तरी कैरोलिना में नए साल 2026 के मौके पर होने वाले संभावित आतंकी हमले को नाकाम किया. 18 वर्षीय क्रिस्टन स्टर्डिवेंट, जो आईएसआईएस से प्रभावित था, ने नागरिकों और पुलिस पर चाकू और हथौड़े से हमला करने की योजना बनाई थी.

नई दिल्ली : संयुक्त राज्य अमेरिका की एफबीआई ने शुक्रवार को जानकारी दी कि उत्तरी कैरोलिना में नए साल की पूर्व संध्या पर होने वाले संभावित आतंकी हमले को समय रहते नाकाम कर दिया गया. एफबीआई ने 18 वर्षीय क्रिस्टन स्टर्डिवेंट को गिरफ्तार किया, जो मिन्ट हिल का निवासी है और कथित तौर पर आईएसआईएस से प्रभावित था. अधिकारियों के अनुसार, स्टर्डिवेंट ने नागरिकों और पुलिस अधिकारियों पर चाकू और हथौड़े से हमले की योजना बनाई थी.
साजिश और हथियारों की योजना
पूर्व संदेह और जांच का इतिहास
जांच के अनुसार, स्टर्डिवेंट का नाम पहले भी जनवरी 2022 में सामने आया था, जब वह नाबालिग था. उस समय अधिकारियों को पता चला कि उसने यूरोप में स्थित आईएसआईएस के एक सहयोगी के साथ संपर्क किया था, जिसने उसे काले कपड़े पहनने और हथौड़े का उपयोग कर हमले करने की सलाह दी थी. इसके अलावा, पिछले महीने एफबीआई ने स्टर्डिवेंट के सोशल मीडिया गतिविधियों की जांच की, जिसमें आईएसआईएस की तारीफ की गई थी, और यह पुष्टि हुई कि वही अकाउंट उसके द्वारा संचालित किया गया.
अदालत और आगामी सुनवाई
क्रिस्टन स्टर्डिवेंट को बुधवार को हिरासत में लिया गया और शुक्रवार को यूएस डिस्ट्रिक्ट जज सुसान रोड्रिग्ज के सामने पेश किया गया. अदालत ने उसे हिरासत में रखने का आदेश दिया, और अगली सुनवाई 7 जनवरी को निर्धारित की गई है. स्टर्डिवेंट ने अभी तक आरोपों का औपचारिक उत्तर नहीं दिया है.
एफबीआई की सराहना
एफबीआई निदेशक काश पटेल ने इस कामयाबी के लिए कई एजेंसियों के संयुक्त प्रयास की सराहना की. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा, “एफबीआई और हमारे साझेदारों ने एक और संभावित न्यू ईयर इव हमला रोक दिया, जो कथित रूप से आईएसआईएस से प्रेरित था. हमारे महान साझेदारों का धन्यवाद जिन्होंने जीवन बचाने में मदद की.”
इस पूरे मामले ने यह स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया और अंतरराष्ट्रीय आतंकवादी नेटवर्क से जुड़ी गतिविधियों पर सतर्क रहना क्यों महत्वपूर्ण है, और समय पर कार्रवाई से बड़े मानव जीवन की हानि को रोका जा सकता है.


