मिनियापोलिस में ICE अधिकारियों की गोलीबारी में ICU नर्स एलेक्स जेफरी प्रीटी की मौत, परिवार ने क्या कहा?
मिनियापोलिस में संघीय आव्रजन अधिकारियों की गोलीबारी में आईसीयू नर्स एलेक्स जेफरी प्रीटी की मौत से आक्रोश फैल गया. परिवार ने सरकारी आरोपों को खारिज किया, जबकि राजनीतिक नेताओं ने घटना की जांच और कार्रवाई की मांग की.

नई दिल्लीः अमेरिका के मिनियापोलिस शहर में शनिवार को उस समय तनाव फैल गया, जब संघीय आव्रजन अधिकारियों की गोलीबारी में एक व्यक्ति की मौत हो गई. इस घटना के बाद शहर में भारी आक्रोश देखने को मिला और सैकड़ों लोग सड़कों पर उतर आए. यह घटना ऐसे समय में हुई है, जब मिनियापोलिस पहले ही कुछ हफ्ते पहले हुई एक अन्य घातक गोलीबारी से उबरने की कोशिश कर रहा था.
कौन थे एलेक्स जेफरी प्रीटी?
मृतक की पहचान 37 वर्षीय एलेक्स जेफरी प्रीटी के रूप में हुई है. वे एक अमेरिकी नागरिक थे और मिनियापोलिस के वीए अस्पताल में आईसीयू नर्स के तौर पर कार्यरत थे. इसके अलावा, वे वेटरन्स हेल्थ एडमिनिस्ट्रेशन से भी जुड़े थे. उनके परिवार और सहकर्मियों के अनुसार, प्रीटी अपने पेशे और समाज सेवा को लेकर बेहद समर्पित व्यक्ति थे, जो हमेशा दूसरों की मदद के लिए तैयार रहते थे.
शिक्षा और पेशेवर सफर
एलेक्स प्रीटी का जन्म इलिनोइस में हुआ और उनका बचपन विस्कॉन्सिन के ग्रीन बे में बीता. स्कूल के दिनों में वे खेलों में सक्रिय थे और सामाजिक गतिविधियों में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे. हाई स्कूल के बाद उन्होंने मिनेसोटा विश्वविद्यालय से जीव विज्ञान, समाज और पर्यावरण विषय में स्नातक की पढ़ाई पूरी की. शुरुआत में उन्होंने एक शोध वैज्ञानिक के रूप में काम किया, लेकिन बाद में उन्होंने नर्सिंग को अपना पेशा चुना.
मृत्यु के समय वे वीए अस्पताल में गंभीर रूप से बीमार मरीजों की देखभाल कर रहे थे. सहकर्मियों ने उन्हें एक दयालु, जिम्मेदार और मेहनती नर्स बताया.
निजी जीवन
करीबी लोगों के अनुसार, प्रीटी को प्रकृति से गहरा लगाव था और उन्हें रोमांचक गतिविधियां बेहद पसंद थीं. वे एक प्रतिस्पर्धी साइकिल रेसर भी थे और अपने पालतू कुत्ते से उन्हें खास लगाव था, जिसकी मौत ने उन्हें भावनात्मक रूप से काफी प्रभावित किया था.
विरोध प्रदर्शनों में सक्रिय भागीदारी
प्रीटी हाल के दिनों में आव्रजन नीति के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शनों में सक्रिय रूप से शामिल हो रहे थे. उनके पिता के अनुसार, वे आव्रजन और सीमा शुल्क प्रवर्तन एजेंसियों की कार्रवाइयों से बेहद चिंतित थे, खासकर बच्चों और आम लोगों के साथ हो रहे व्यवहार को लेकर. परिवार ने उन्हें सतर्क रहने की सलाह दी थी, लेकिन उनका मानना था कि अन्याय के खिलाफ आवाज उठाना जरूरी है.
कोई आपराधिक इतिहास नहीं
परिवार और अदालत से जुड़े रिकॉर्ड बताते हैं कि प्रीटी का कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं था. उनके पास हथियार रखने का वैध लाइसेंस था, लेकिन परिवार का कहना है कि उन्होंने उन्हें कभी हथियार का इस्तेमाल करते नहीं देखा.
सरकारी दावों पर परिवार का विरोध
घटना के बाद कुछ सरकारी अधिकारियों द्वारा प्रीटी को “घरेलू आतंकवादी” बताए जाने से परिवार आहत हो गया. परिवार ने बयान जारी कर इन आरोपों को झूठा और अपमानजनक बताया. उनका कहना है कि उपलब्ध वीडियो में साफ दिखता है कि प्रीटी निहत्थे थे और एक महिला को बचाने की कोशिश कर रहे थे.
राजनीतिक प्रतिक्रिया
घटना पर पूर्व उपराष्ट्रपति कमला हैरिस समेत कई नेताओं ने दुख और गुस्सा जताया. मिनेसोटा के अटॉर्नी जनरल ने सबूत सुरक्षित रखने के लिए कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है. वहीं, राज्य के गवर्नर ने संघीय कार्रवाई रोकने की मांग की है.
तनावपूर्ण माहौल बरकरार
यह गोलीबारी ऐसे समय हुई है, जब शहर में पहले से ही रोजाना विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. घटना स्थल पहले की गोलीबारी की जगह के काफी करीब होने के कारण मिनियापोलिस में तनाव और गहरा गया है.


