चीन ने एक ही परिवार के 11 लोगों को दी फांसी, सामने आई ये वजह
चीन ने म्यांमार में सक्रिय ऑनलाइन धोखाधड़ी गिरोहों के 11 सदस्यों को फांसी, 23 को जेल की सजा दी. मिंग परिवार सहित गिरोहों ने चीनी नागरिकों को निशाना बनाया, जबकि चीन ने पड़ोसी देशों के साथ सहयोग कर अपराधों पर कड़ा कदम उठाया.

नई दिल्लीः चीन ने म्यांमार में सक्रिय कुख्यात ऑनलाइन धोखाधड़ी केंद्रों के 11 सदस्यों को फांसी दे दी है, जबकि अन्य 23 आरोपियों को पांच साल से लेकर आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है. यह कार्रवाई चीन की उस रणनीति का हिस्सा है, जिसमें वह अपने नागरिकों को निशाना बनाने वाली अंतरराष्ट्रीय अपराध गतिविधियों के खिलाफ सख्त कदम उठा रहा है.
फांसी और जेल की सजा के आरोप
सरकारी मीडिया के अनुसार, फांसी दिए गए आरोपियों के अपराधों में जानबूझकर हत्या, जानलेवा चोट पहुंचाना, गैरकानूनी हिरासत, ऑनलाइन धोखाधड़ी और गैरकानूनी कैसीनो संचालन शामिल थे. इनमें "मिंग परिवार आपराधिक समूह" के सदस्य भी शामिल थे, जिनकी गतिविधियों के कारण 14 चीनी नागरिकों की जान गई और कई अन्य घायल हुए.
मिंग परिवार उत्तरी म्यांमार का एक कुख्यात माफिया गिरोह था, जिसे ऐतिहासिक रूप से क्षेत्र की अर्थव्यवस्था और स्थानीय प्रशासन पर नियंत्रण रखने वाले "चार परिवारों" में से एक माना जाता था. यह गिरोह अरबों डॉलर के आपराधिक साम्राज्य का केंद्र रहा है.
सुप्रीम कोर्ट ने फैसला बरकरार रखा
हालांकि दो आरोपियों ने अपने खिलाफ फैसले को चुनौती दी और मामला चीन की सर्वोच्च अदालत (Supreme People’s Court) तक गया, लेकिन मूल निर्णय को बरकरार रखा गया. अदालत ने बताया कि अपराधों की प्रकृति अत्यंत जघन्य थी और उनके गंभीर परिणामों को देखते हुए मृत्युदंड उचित ठहराया गया. शिन्हुआ समाचार एजेंसी ने बताया कि फांसी से पहले दोषियों के परिवारजनों को उनसे मिलने की अनुमति दी गई थी.
चीन का पड़ोसी देशों के साथ सहयोग
चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता गुओ जियाकुन ने कहा कि चीन ने म्यांमार, कंबोडिया और थाईलैंड जैसे पड़ोसी दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों के साथ मिलकर सीमा पार होने वाली धोखाधड़ी को रोकने के लिए सहयोग बढ़ाया है. चाइना सेंट्रल टेलीविजन के अनुसार, म्यांमार के अधिकारियों ने 2023 के मध्य से अब तक 53,000 से अधिक संदिग्धों को चीन के हवाले किया है.
म्यांमार में धोखाधड़ी केंद्रों का प्रभाव
नवंबर में ही म्यांमार के कोकांग क्षेत्र में पांच लोगों को मौत की सजा दी गई थी. उनके अपराधों के कारण छह चीनी नागरिकों की मौत हुई थी. म्यांमार के सीमावर्ती क्षेत्रों में केंद्रित ये गिरोह फोन और इंटरनेट घोटालों के माध्यम से वैश्विक स्तर पर अरबों डॉलर की ठगी करते रहे हैं.
वैश्विक पैमाने पर धोखाधड़ी
संयुक्त राष्ट्र के अनुमान के अनुसार, दुनियाभर में लाखों लोग इन धोखाधड़ी केंद्रों में काम कर रहे हैं. चीन की यह कार्रवाई यह दिखाती है कि वह अपने नागरिकों की सुरक्षा और आर्थिक हितों की रक्षा के लिए सीमाओं के पार अपराधियों के खिलाफ भी निर्णायक कदम उठाने को तैयार है.


