वेनेजुएला में नया ट्विस्ट! डेल्सी रोड्रिग्ज ने ली राष्ट्रपति की शपथ, अमेरिका पर लगाया 'दो नायकों का अपहरण' का आरोप
वेनेजुएला में राजनीति ने करवट ले ली है. पूर्व उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने अंतरिम राष्ट्रपति के रूप में शपथ ले ली है. उन्होंने शपथ के दौरान अमेरिका को लेकर एक बहुत बड़ी बात बोली.

नई दिल्ली: वेनेजुएला में राजनीतिक संकट गहरा गया है. अमेरिकी सैन्य कार्रवाई में राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सीलिया फ्लोरेस को हिरासत में लेने के बाद, पूर्व उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने अंतरिम राष्ट्रपति के रूप में शपथ ली है. यह घटना देश में नई उथल-पुथल का संकेत दे रही है.
काराकास में हुआ शपथ ग्रहण समारोह
काराकास में नेशनल असेंबली के सामने आयोजित समारोह में डेल्सी रोड्रिग्ज ने शपथ ली. उनके भाई जॉर्ज रोड्रिग्ज, जो असेंबली के अध्यक्ष हैं, उन्होंने यह शपथ दिलाई. शपथ के दौरान डेल्सी काफी भावुक दिखी.
उन्होंने दाहिना हाथ उठाकर कहा, "मैं कमांडर ह्यूगो शावेज की कसम खाती हूं, जिन्होंने लाखों वेनेजुएलावासियों को जीवन और सम्मान दिया." उन्होंने मादुरो दंपति की हिरासत को 'दो नायकों का अपहरण' बताया और देश की पीड़ा के साथ यह जिम्मेदारी संभालने की बात कही.
अमेरिका पर तीखा हमला
डेल्सी ने अमेरिकी कार्रवाई को अवैध सैन्य हमला करार दिया. उन्होंने कहा कि वेनेजुएला अभी भी स्वतंत्र है और वाशिंगटन के नियंत्रण में नहीं आएगा. यह समारोह देश को संदेश देने की कोशिश था कि सरकार मजबूत है. समारोह में मादुरो के बेटे निकोलस मादुरो ग्वेरा भी मौजूद थे, जो घटना के बाद पहली बार सार्वजनिक रूप से नजर आए.
मादुरो के बेटे की चेतावनी
मादुरो के बेटे ने अमेरिकी कदम की निंदा की. उन्होंने कहा कि अगर किसी राष्ट्राध्यक्ष के अपहरण को सामान्य माना गया, तो दुनिया का कोई देश सुरक्षित नहीं रहेगा. यह सिर्फ वेनेजुएला की नहीं, बल्कि वैश्विक स्थिरता की समस्या है.
देश में बंटी प्रतिक्रियाएं
वेनेजुएला में स्थिति तनावपूर्ण है. एक पक्ष अमेरिकी कार्रवाई को तानाशाही का अंत बता रहा है, जबकि डेल्सी का गुट इसे साम्राज्यवाद के खिलाफ लड़ाई मानता है. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी बहस छिड़ी है. कई देशों ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है. डेल्सी ने हालांकि अमेरिका के साथ सम्मानजनक संबंध की बात भी कही है, जिससे भविष्य की दिशा अनिश्चित है.


