बर्फ की मार से हिमाचल अस्त-व्यस्त, 563 सड़कें ठप, हजारों गांवों में अंधेरा, श्रीनगर-जम्मू उड़ानें रद्द
हिमालयी राज्यों में भारी बर्फबारी का कहर जारी है. जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 2-3 फुट तक बर्फ जमा होने से जनजीवन पूरी तरह से ठप हो गया है. जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाईवे समेत सैकड़ों सड़कें बंद, जरूरी सेवाएं भी पूरी तरह प्रभावित हो गई है.

जम्मू कश्मीर: हिमाचल प्रदेश में जारी भारी बर्फबारी और बारिश ने सामान्य जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है. राज्य के कई हिस्सों में कड़ाके की ठंड, फिसलन भरी सड़कें और बाधित सेवाओं ने हालात मुश्किल बना दिए हैं. प्रशासन के मुताबिक, आपदा की स्थिति से निपटने के लिए राहत और बहाली का काम लगातार जारी है.
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अनुसार, प्रदेशभर में अब तक 563 सड़कें बंद हो चुकी हैं, जिनमें दो राष्ट्रीय राजमार्ग भी शामिल हैं. इसके साथ ही करीब 4800 बिजली वितरण ट्रांसफार्मर ठप पड़ने से कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित है.
#WATCH | Ramban, J&K | Vehicular movement along NH-44 remains suspended due to heavy snowfall. Visuals from Chanderkote. pic.twitter.com/1qgqEX9VFh
— ANI (@ANI) January 24, 2026
यातायात पर सबसे ज्यादा असर
तेज ठंड और जमी बर्फ के कारण प्रदेश में यातायात व्यवस्था बुरी तरह चरमरा गई है. लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने कई प्रमुख मार्गों को अस्थायी रूप से बंद कर दिया है. लाहौल-स्पीति सबसे ज्यादा प्रभावित जिला है, जहां 290 सड़कें पूरी तरह बंद हैं. यहां बिजली और आवाजाही दोनों ही बड़ी चुनौतियां बनी हुई हैं.
राष्ट्रीय राजमार्ग सहित सैकड़ों सड़कें बंद
रिपोर्ट के अनुसार, बंद सड़कों में एनएच-3 और एनएच-505 भी शामिल हैं. ये मार्ग कोकसर–रोहतांग पास और ग्रामफू–बटल को जोड़ते हैं, जो बर्फ जमाव, भूस्खलन और खराब मौसम के कारण अवरुद्ध हो गए हैं. इसके अलावा, बड़ी संख्या में आंतरिक सड़कें भी प्रभावित हुई हैं.
जिला स्तर पर देखें तो चंबा के पांगी और भरमौर क्षेत्रों में 105 सड़कें, मंडी जिले में 64, कुल्लू में 9 सड़कें बंद हैं. सिरमौर और ऊना में भी कुछ मार्ग प्रभावित हैं, जबकि बिलासपुर, हमीरपुर और कांगड़ा अपेक्षाकृत कम प्रभावित बताए गए हैं.
#WATCH | Himachal Pradesh | Vehicles and houses covered in a thick blanket of snow after Manali received heavy snowfall yesterday. pic.twitter.com/mCpAFqS6zd
— ANI (@ANI) January 24, 2026
बिजली व्यवस्था को भारी नुकसान
भारी बर्फबारी ने राज्य के बिजली ढांचे पर गहरा असर डाला है. कुल 4797 बिजली वितरण ट्रांसफार्मर काम नहीं कर रहे हैं, जिससे हजारों घरों में अंधेरा छाया हुआ है. सोलन जिला सबसे अधिक प्रभावित है, जहां 1856 ट्रांसफार्मर ठप हैं.
इसके अलावा मंडी में 901, कुल्लू में 682 और चंबा में 659 ट्रांसफार्मर बंद हैं. अधिकारियों के अनुसार, उच्च तनाव वाली बिजली लाइनों में आई खराबी इसकी मुख्य वजह है. मरम्मत कार्य प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है.
पानी की आपूर्ति अधिकांश जगह सामान्य
प्रदेश में पानी की आपूर्ति ज्यादातर क्षेत्रों में सामान्य बनी हुई है और किसी बड़ी जल योजना के ठप होने की सूचना नहीं है. हालांकि शिमला में कुछ स्थानों पर समस्याएं सामने आई हैं. जिला आपातकालीन संचालन केंद्र के मुताबिक, बिजली कटौती और ईंधन की कमी के कारण जनरेटर काम नहीं कर पा रहे हैं.
मौसम विभाग की चेतावनी
भारतीय मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि हिमाचल के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी का सिलसिला जारी रह सकता है. इससे स्थिति और जटिल होने की आशंका है. प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक जोखिम से बचने की सलाह दी है.
पर्यटकों के लिए एडवाइजरी जारी
प्रशासन ने पर्यटकों से अपील की है कि वे गैर-जरूरी यात्रा टालें, खासकर ऊंचाई वाले क्षेत्रों में जाने से बचें. दो राष्ट्रीय राजमार्ग बंद होने से आवाजाही पर बड़ा असर पड़ा है. हिमाचल की यात्रा से पहले ताजा स्थिति की जानकारी लेने की सलाह दी गई है. लोक निर्माण विभाग की टीमें सड़कों से बर्फ हटाने में जुटी हैं, जबकि बिजली विभाग के कर्मचारी आपूर्ति बहाल करने का प्रयास कर रहे हैं. मौसम में सुधार होते ही काम में तेजी आने की उम्मीद है.
आपदा प्रबंधन के हेल्पलाइन नंबर जारी
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने आपात स्थिति के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं.
राज्य स्तरीय हेल्पलाइन: 1070
जिला स्तरीय हेल्पलाइन: 1077
अतिरिक्त नंबर: 9459455841
प्राधिकरण ने पीला और नारंगी अलर्ट भी जारी किया है, जिसमें बारिश, हिमपात और तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है. लोगों से अपील की गई है कि वे आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें और अफवाहों से दूर रहें.


