विजय की फिल्म 'जना नायकन' को रिलीज की हरी झंडी, मद्रास हाई कोर्ट का CBFC को बड़ा निर्देश
तमिल सुपरस्टार विजय की बहुप्रतीक्षित फिल्म 'जना नायकन' की रिलीज का रास्ता आखिरकार साफ हो गया है. मद्रास हाई कोर्ट ने सीबीएफसी को फिल्म के लिए 'यू/ए 16+' सर्टिफिकेट जारी करने का निर्देश देते हुए निर्माताओं को बड़ी राहत दी है.

मद्रास: तमिल सुपरस्टार विजय की बहुप्रतीक्षित फिल्म 'जना नायकन' की रिलीज को लेकर लंबे समय से चला आ रहा विवाद अब खत्म होता नजर आ रहा है. मद्रास हाई कोर्ट ने केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) को फिल्म के लिए 'यू/ए 16+' सर्टिफिकेट जारी करने का आदेश दे दिया है, जिससे फिल्म की रिलीज का रास्ता साफ हो गया है.
अदालत के इस फैसले के बाद फिल्म निर्माताओं को बड़ी राहत मिली है. हालांकि अभी तक आधिकारिक तौर पर नई रिलीज डेट की घोषणा नहीं की गई है, लेकिन खबरों के मुताबिक ‘जना नायकन’ अगले कुछ दिनों में या फिर 14 जनवरी को पोंगल के मौके पर सिनेमाघरों में रिलीज हो सकती है.
हाई कोर्ट ने निर्माताओं के पक्ष में सुनाया फैसला
मद्रास उच्च न्यायालय ने गुरुवार को 'जना नायकन' के निर्माताओं की याचिका पर सुनवाई करते हुए उनके पक्ष में फैसला सुनाया. न्यायमूर्ति पीटी आशा ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद CBFC को स्पष्ट निर्देश दिया कि वह विजय अभिनीत इस फिल्म के लिए 'यू/ए 16+' प्रमाणपत्र जारी करे.
इस आदेश के साथ ही फिल्म की रिलीज में आखिरी समय में आई सबसे बड़ी बाधा दूर हो गई.
शिकायतों पर टिप्पणी, प्रक्रिया में निरंतरता पर जोर
फैसला सुनाते हुए न्यायमूर्ति आशा ने अहम टिप्पणी भी की. उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ता, जो सेंसर बोर्ड की सदस्य थीं और जिन्होंने फिल्म के कुछ पहलुओं पर आपत्तियां दर्ज कराई थीं, "उन्हें नजरअंदाज किया गया प्रतीत होता है."
न्यायालय ने यह भी कहा कि इस तरह की शिकायतों को जिस तरह से संभाला गया, वह एक खतरनाक मिसाल बन सकती है. अदालत ने फिल्म प्रमाणन प्रक्रिया में निरंतरता और जवाबदेही की जरूरत पर विशेष जोर दिया.
सेंसर सर्टिफिकेट में देरी बनी विवाद की वजह
फिल्म की रिलीज में देरी की मुख्य वजह यह रही कि CBFC समय पर सेंसर सर्टिफिकेट जारी नहीं कर सका. बोर्ड के एक सदस्य द्वारा फिल्म के कुछ दृश्यों और पहलुओं पर आपत्ति जताए जाने के बाद मामला अटक गया.
इसके चलते निर्माताओं को मद्रास हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ा, जबकि इस बीच भारत और विदेशों में फिल्म की अग्रिम बुकिंग पहले ही शुरू हो चुकी थी.
विदेशों में वितरकों को हुआ भारी नुकसान
खबरों के अनुसार, रिलीज टलने से खासतौर पर विदेशी वितरकों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा. हजारों शो पहले से तय थे और बड़े पैमाने पर टिकटों की एडवांस बुकिंग हो चुकी थी.
अंतिम समय में स्क्रीनिंग रद्द होने के कारण प्रदर्शकों को रिफंड प्रक्रिया शुरू करनी पड़ी. उद्योग से जुड़े अनुमानों के मुताबिक, इस देरी से करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ, जिससे फिल्म की रिलीज को लेकर दबाव और बढ़ गया.
विजय के करियर के लिए क्यों खास है ‘जना नायकन’
'जना नायकन' सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि विजय के करियर का एक ऐतिहासिक पड़ाव मानी जा रही है. इसे व्यापक रूप से अभिनेता की राजनीति में सक्रिय एंट्री से पहले उनकी आखिरी फिल्म माना जा रहा है.
विजय पहले ही यह ऐलान कर चुके हैं कि वह सार्वजनिक जीवन पर फोकस करने के लिए सिनेमा से दूरी बनाएंगे. ऐसे में 'जना नायकन' की रिलीज उनके प्रशंसकों और उनके फिल्मी सफर दोनों के लिए बेहद खास मानी जा रही है.


