मोमो फैक्ट्री में किसका पैसा जमा था? गृह मंत्री शाह ने कोलकाता गोदाम में लगी आग पर ममता सरकार से पूछे सवाल
कोलकाता के आनंदपुर में 26 जनवरी को Wow! Momo गोदाम में लगी आग से 21+ मौतें, 27 लापता. अमित शाह ने ममता सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया, जांच की मांग की. पीएम ने 2 लाख मुआवजा घोषित किया.

नई दिल्लीः पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के बाहरी इलाके आनंदपुर में हुए दिल दहला देने वाले अग्निकांड ने पूरे देश को झकझोर दिया है. 26 जनवरी की तड़के लगी इस आग में अब तक 25 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है, जबकि दर्जनों लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को इस घटना को लेकर ममता बनर्जी सरकार पर तीखा हमला बोला और इसे महज हादसा नहीं, बल्कि राज्य में व्याप्त भ्रष्टाचार का सीधा नतीजा करार दिया.
एक के बाद शाह ने किए कई सवाल
उत्तर 24 परगना जिले में भाजपा कार्यकर्ताओं की एक बड़ी सभा को संबोधित करते हुए अमित शाह ने भावुक होकर मृतकों को श्रद्धांजलि दी. उन्होंने कहा कि आनंदपुर में लगी आग कोई साधारण दुर्घटना नहीं थी. 25 लोग मारे गए हैं और 27 से अधिक अभी लापता हैं. यह त्रासदी क्यों हुई? इस मोमो फैक्ट्री में किसका पैसा लगा हुआ है? मालिक कौन हैं? वे किसके साथ विदेश यात्रा पर गए थे? और अब तक मालिक को गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया? शाह ने सवालों की बौछार करते हुए कहा कि यह सब राज्य सरकार के भ्रष्टाचार की वजह से हुआ है.
ममता बनर्जी करें दोषियों पर कार्रवाई
शाह ने घटना के बाद सरकार की प्रतिक्रिया पर भी कड़ी निंदा की. उन्होंने आरोप लगाया कि मंत्री घटनास्थल पर 32 घंटे बाद पहुंचे, जबकि मजदूर अंदर फंसे चीख रहे थे. शाह ने जोर देकर कहा कि मैं बंगाल की मुख्यमंत्री से मांग करता हूं कि इस मामले की गहन जांच कराई जाए और दोषियों को सलाखों के पीछे भेजा जाए. उन्होंने यह भी पूछा कि क्या अगर पीड़ित किसी खास समुदाय के होते तो क्या तृणमूल कांग्रेस इतनी उदासीन रहती?
क्या है Wow! Momo कांड?
यह आग आनंदपुर के नजीराबाद इलाके में एक डेकोरेटर के गोदाम से शुरू हुई और तेजी से पड़ोसी गोदाम में फैल गई, जिसका इस्तेमाल प्रसिद्ध फूड चेन Wow! Momo द्वारा किया जा रहा था. आग लगने के समय कई मजदूर सो रहे थे और मुख्य द्वार पर सामग्री के ढेर लगे होने से भागने में असमर्थ रहे. पुलिस ने अब तक Wow! Momo के मैनेजर और डिप्टी मैनेजर को गिरफ्तार किया है, जबकि डेकोरेटर गोदाम के मालिक को भी हिरासत में लिया गया है. जांच में अग्नि सुरक्षा नियमों के उल्लंघन की बात सामने आ रही है, जैसे फायर एनओसी न होना और आपातकालीन निकास का बंद होना.
पीड़ितों के लिए मुआवजे का ऐलान
मृतकों की पहचान के लिए 16 से अधिक डीएनए नमूने एकत्र किए गए हैं. परिवार वाले मलबे में फंसे अपनों की तलाश में परेशान हैं. Wow! Momo कंपनी ने बयान जारी कर कहा कि आग पड़ोसी गोदाम से फैली और उन्होंने मृतकों के परिवारों को 10 लाख रुपये मुआवजा, मासिक वेतन और बच्चों की शिक्षा का वादा किया है.
आग की घटना से बंगाल में सियासी उबाल
इस घटना ने राज्य में राजनीतिक तापमान बढ़ा दिया है. विपक्षी नेता सुवेंदु अधिकारी ने घटनास्थल पर विरोध प्रदर्शन किया और मुख्यमंत्री को जिम्मेदार ठहराया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी शोक जताया और प्रत्येक मृतक के परिवार को प्रधानमंत्री राहत कोष से 2 लाख रुपये की सहायता की घोषणा की.


