12 फरवरी को बांग्लादेश का महासंग्राम! चुनाव आयोग ने जारी की फाइनल कैंडिडेट लिस्ट, कुल 1981 नामांकन
बांग्लादेश में 12 फरवरी को राष्ट्रीय चुनाव होने वाला हैं. चुनाव आयोग ने उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी कर दी है. बीएनपी ने सबसे ज्यादा प्रत्याशी मैदान में उतारे हैं, इसके बाद जमात-ए-इस्लामी, इस्लामी आंदोलन बांग्लादेश और जतिया पार्टी का जोरदार प्रदर्शन दिख रहा है.

नई दिल्ली: बांग्लादेश में आम चुनाव को लेकर सियासी सरगर्मी तेज हो गई है. चुनाव आयोग ने आगामी आम चुनावों के लिए उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी कर दी है, जिसके साथ ही यह साफ हो गया है कि देश में 12 फरवरी को मतदान होगा. इसके साथ ही पूरे देश में राजनीतिक गतिविधियां तेज़ हो चुकी हैं और पार्टियां हाई-वोल्टेज चुनावी मुकाबले की तैयारी में जुट गई हैं.
यह चुनाव इसलिए भी बेहद अहम माना जा रहा है क्योंकि यह अगस्त 2024 में छात्र आंदोलन के बाद शेख हसीना के नेतृत्व वाली अवामी लीग सरकार के सत्ता से हटने के बाद होने वाला पहला आम चुनाव है. ऐसे में यह चुनाव बांग्लादेश की राजनीति के भविष्य की दिशा तय करने वाला माना जा रहा है.
BNP ने उतारे सबसे ज्यादा उम्मीदवार
पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया की पार्टी बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी ने इस चुनाव में सबसे बड़ा दांव खेलते हुए 288 उम्मीदवार मैदान में उतारे हैं. पार्टी एक बार फिर सत्ता में वापसी की कोशिश में है और उसे अन्य दलों से कड़ी चुनौती मिलने की उम्मीद है.
अन्य प्रमुख दलों की चुनावी तैयारी
चुनाव आयोग की ओर से जारी सूची के अनुसार, जमात-ए-इस्लामी ने 224 उम्मीदवार घोषित किए हैं. जातीय पार्टी ने 192 प्रत्याशियों को टिकट दिया है. वहीं इस्लामिक आंदोलन बांग्लादेश पार्टी ने 253 उम्मीदवारों के साथ चुनावी मैदान में उतरने का ऐलान किया है.
निर्दलीय उम्मीदवारों की मौजूदगी
इस चुनाव में निर्दलीय उम्मीदवारों की संख्या भी खासा ध्यान खींच रही है. कुल 249 निर्दलीय उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं, जिससे मुकाबला और भी रोचक हो गया है. इसके अलावा नेशनल सिटिजन्स पार्टी, जो जमात-ए-इस्लामी के साथ गठबंधन में चुनाव लड़ रही है, ने अपने 32 उम्मीदवारों की घोषणा की है.
कब से शुरू होगा चुनाव प्रचार?
कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच गुरुवार, 22 जनवरी से चुनाव प्रचार की शुरुआत हो रही है. चुनाव प्रचार 22 जनवरी से लेकर 10 फरवरी सुबह 7:30 बजे तक चलेगा. ढाका ट्रिब्यून के अनुसार, 12 फरवरी को सुबह 7:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक मतदान कराया जाएगा.
चुनाव आयोग आम चुनाव और जनमत संग्रह की तैयारियों के तहत 8 लाख से ज्यादा पीठासीन और सहायक पीठासीन अधिकारियों को ट्रेनिंग भी देगा. यह प्रशिक्षण 22 जनवरी से शुरू होकर 7 फरवरी तक चलेगा. यह जानकारी चुनाव प्रशिक्षण संस्थान के महानिदेशक मोहम्मद हसनुज्जामान ने बुधवार को दी.
मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस ने क्या कहा?
मंगलवार को मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस ने दो टूक शब्दों में कहा कि चुनाव और जनमत संग्रह तय तारीख पर ही होंगे. उन्होंने कहा कि कोई कुछ भी कहे, चुनाव 12 फरवरी को ही होंगे - एक दिन पहले नहीं, एक दिन बाद नहीं.
उन्होंने आगे कहा कि मतदान स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण होगा और इसे उत्सव के माहौल में संपन्न कराया जाएगा. यह बयान उन्होंने ढाका स्थित स्टेट गेस्ट हाउस जमुना में अमेरिका के दो पूर्व वरिष्ठ राजनयिक अल्बर्ट गॉम्बिस और मोर्स टैन से मुलाकात के दौरान दिया.
फर्जी खबरों पर भी...
मोहम्मद यूनुस ने कहा कि चुनाव को लेकर जानबूझकर भ्रम फैलाने के लिए बड़ी मात्रा में फर्जी खबरें फैलाई जा रही हैं. हालांकि उन्होंने जोर देकर कहा कि अंतरिम सरकार 12 फरवरी को चुनाव कराने के अपने फैसले पर पूरी तरह अडिग है.
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद सत्ता एक निर्वाचित सरकार को सौंप दी जाएगी. साथ ही अंतरिम सरकार चुनाव के दौरान पूरी तरह तटस्थ रहेगी और सभी राजनीतिक दलों को समान अवसर उपलब्ध कराएगी.


