एपस्टीन फाइलों में सामने आया बिल गेट्स का नाम, एपस्टीन-गेट्स की लाखों तस्वीरें हुई सार्वजनिक

अमेरिकी न्याय विभाग द्वारा जारी एपस्टीन फाइलों के नए हिस्सा सामने आते ही मामला फिर से चर्चा में आ गया है. इस बार इन दस्तावेजों में बिल गेट्स पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं. वहीं, गेट्स ने इन दावों को पूरी तरह झूठा बताया है.

Shraddha Mishra

नई दिल्ली: जेफरी एपस्टीन से संबंधित फाइलें पिछले कुछ दिनों से पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बनी हुई हैं. अब इन दस्तावेजों का नया हिस्सा सामने आते ही वैश्विक स्तर पर फिर एक बार हलचल मच गई है. इस बार माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक बिल गेट्स का नाम चर्चा में आया है. हालांकि इन फाइलों में जो भी गंभीर आरोप लगाए गए हैं, उनकी अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. लेकिन, इनसे सारे नामी लोगों को लेकर इन फाइलों में जो दावे किए गए है उन्होंने विवाद को और गहरा कर दिया है.  

सामने आए इस हिस्से में दावा किया गया है कि माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक बिल गेट्स रूसी महिलाओं के साथ यौन संबंध बनाए जाने के बाद यौन संचारित रोग से संक्रमित हो गए थे. इसके साथ ही  बिल गेट्स पर आरोप लगाया गया है कि उन्होंने अपनी तत्कालीन पत्नी मेलिंडा गेट्स को गुप्त रूप से एंटीबायोटिक्स दवाएं देने की कोशिश की थी. 

अमेरिकी न्याय विभाग द्वारा शुक्रवार को सार्वजनिक किए गए इन दस्तावेजों में कुछ ईमेल शामिल हैं, जिन्हें कथित तौर पर 2013 में एपस्टीन द्वारा खुद को लिखा गया था. हालांकि इन दावों की अभी तक पुष्टि नहीं हुई है और इन्हें एपस्टीन द्वारा लिखे गए ईमेल ड्राफ्ट की हिस्सा बताया जा रहा है. 

गेट्स की प्रतिक्रिया आई सामने

इन दस्तावेजों के सामने आने के बाद बिल गेट्स की ओर से एक सख्त प्रतिक्रिया दी गई है. बिल गेट्स के प्रवक्ता ने इन सभी दावों को लेकर कहा कि, ये दावे बिल्कुल बेतुके और पूरी तरह झूठे हैं. उन्होंने आगे कहा कि "ये दस्तावेज केवल एपस्टीन की नाराजगी और निराशा को दर्शाते हैं, क्योंकि गेट्स के साथ उसका कोई स्थायी संबंध नहीं बन पाया." प्रवक्ता ने आगे कहा कि ये केवल बिल गेट्स को फंसाने और बदनाम करने के लिए किया गया है. 

दस्तावेजों में क्या-क्या है शामिल?

न्याय विभाग ने बताया कि उसने एपस्टीन मामले से जुड़े 30 लाख से अधिक पन्नों की जांच सामग्री जारी की है. इसके साथ हजारों वीडियो और लाखों तस्वीरों को भी सार्वजनिक किया गया हैं. उप अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लैंच का कहना है कि इन दस्तावेजों को व्यापक समीक्षा के बाद जारी किया गया है.

जानकारी के अनुसार विवादित ईमेल 18 जुलाई, 2013 के है. बताया जा रहा है कि ये एपस्टीन द्वारा लिखे गए संदेशों के ड्राफ्ट है. इसमें से कुछ में गेट्स के तत्कालीन सलाहकार बोरिस निकोलिक की आवाज का प्रयोग भी किया गया है. इनमें एपस्टीन ने बिल गेट्स पर "रूसी लड़कियों" के साथ संबंध बनाने के बाद यौन संचारित रोग से ग्रसित होने और मेलिंडा गेट्स को "गुप्त रूप से" देने के लिए एंटीबायोटिक्स मांगने का आरोप लगाया. एपस्टीन ने यह भी आरोप लगाया कि गेट्स ने उनसे संबंधित ईमेल डिलीट करने को कहा था. 

कई तस्वीरें भी आई सामने

जारी किए गए दस्तावेजों में एपस्टीन और गेट्स की कुछ ऐसी तस्वीरें भी शामिल हैं जो पहले सार्वजनिक नहीं हुई थीं. इन तस्वीरों में एपस्टीन और गेट्स को अलग-अलग जगहों पर साथ देखा जा सकता है. न्याय विभाग ने स्पष्ट किया है कि इन फाइलों में नाम होने का मतलब यह नहीं है कि संबंधित व्यक्ति ने कोई गलत काम किया है या एपस्टीन की आपराधिक गतिविधियों के बारे में उन्हें जानकारी थी.

गेट्स ने पहले भी जताया था अफसोस

गेट्स ने पहले ही खेद व्यक्त करते हुए स्वीकार किया था कि एपस्टीन से मिलना उनके लिए एक गलती थी. गेट्स ने ये भी साफ किया था कि एपस्टीन के साथ कोई व्यावसायिक संबंध नहीं था. इसके साथ ही गेट्स ने एपस्टीन के साथ किसी भी गलत काम में शामिल होने से इनकार किया. 

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो

close alt tag