सैटेलाइट तस्वीरों से खुलासा: कतर में अमेरिकी बेस पर ईरानी हमले के बाद गुंबद गायब
23 जून को ईरान द्वारा किए गए मिसाइल हमले में अल उदीद एयरबेस स्थित जियोडेसिक गुंबद को संभावित रूप से नुकसान पहुंचा. यह जानकारी समाचार एजेंसी एसोसिएटेड प्रेस को प्राप्त उपग्रह चित्रों से सामने आई है.

23 जून को ईरान द्वारा किए गए मिसाइल हमले में कतर के अल उदीद एयरबेस पर स्थित एक जियोडेसिक गुंबद को संभावित रूप से नुकसान पहुंचा है. यह जानकारी समाचार एजेंसी एसोसिएटेड प्रेस को प्राप्त उपग्रह चित्रों से सामने आई है. माना जाता है कि यह गुंबद अमेरिका की सैन्य संचार प्रणाली का महत्वपूर्ण हिस्सा था.0
हमले से पहले और बाद की तस्वीरों में अंतर
प्लैनेट लैब्स पीबीसी द्वारा जारी तस्वीरों में देखा गया कि 23 जून की सुबह यह संरचना एयरबेस पर मौजूद थी, जबकि 25 जून को ली गई तस्वीरों में यह गायब दिख रही है. इसके पास स्थित एक इमारत में भी क्षति के संकेत मिले हैं. यह एयरबेस कतर की राजधानी दोहा के बाहरी इलाके में स्थित है और अमेरिकी सेना के लिए सामरिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है.
संयुक्त राज्य अमेरिका की चुप्पी
अभी तक अमेरिका या कतर ने इस हमले से हुए नुकसान पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है. हालांकि बताया गया है कि अमेरिका ने पहले से ही अपने विमानों को एयरबेस से हटाकर सेंट्रल कमांड के अन्य स्थानों पर भेज दिया था.
हमले की पृष्ठभूमि
ईरान ने यह हमला अमेरिका द्वारा उसके तीन परमाणु ठिकानों पर की गई जवाबी कार्रवाई के प्रतिशोध स्वरूप किया था. बाद में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की मध्यस्थता में ईरान और इज़रायल के बीच एक अस्थायी युद्धविराम भी हुआ.
ट्रम्प का बयान
ट्रम्प ने हमले को "कमज़ोर प्रतिक्रिया" बताते हुए दावा किया कि अमेरिका को हमले की पहले से जानकारी थी. उन्होंने कहा कि ईरान की 14 में से 13 मिसाइलों को रोक लिया गया था और एक मिसाइल इसलिए नहीं रोकी गई क्योंकि वह खतरनाक दिशा में नहीं जा रही थी.
ईरान का दावा
वहीं, ईरान ने इस हमले को "शक्तिशाली और प्रभावी" करार दिया है. ईरानी सर्वोच्च नेता के सलाहकार ने यह भी कहा कि इस हमले से एयरबेस की संचार प्रणाली पूरी तरह से बाधित हो गई थी.


