कहीं आपका सरसों का तेल नकली तो नहीं? इस ट्रीक से मिनटों में करे पता

सरसों का तेल हमारी रसोई का सबसे अच्छा साथी है, लेकिन बाजार में मिलावट की खबरें सुनकर मन उदास हो जाता है. नकली तेल सेहत को चुपके से नुकसान पहुंचा सकता है. इसलिए आज जानिए सरसों के तेल की असली-नकली पहचान के आसान और कारगर तरीके.

Goldi Rai
Edited By: Goldi Rai

नई दिल्ली: भारतीय रसोइयों में सरसों का तेल एक अहम हिस्सा है, जो न सिर्फ खाने का स्वाद बढ़ाता है बल्कि सेहत के लिए भी लाभदायक माना जाता है. सब्जियां पकाने से लेकर पराठे सेंकने और अचार बनाने तक, लोग इसे बड़े चाव से इस्तेमाल करते हैं. इसमें मौजूद विटामिन ई, ओमेगा-3 तथा ओमेगा-6 फैटी एसिड के साथ-साथ एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण शरीर को मजबूती प्रदान करते हैं. 

हालांकि, बाजार में शुद्ध सरसों का तेल मिलना अब मुश्किल हो गया है. ग्रामीण इलाकों में भले ही असली तेल उपलब्ध हो, लेकिन शहरों में मिलावट की शिकायतें आम हैं. यह मिलावट न केवल तेल की गुणवत्ता को प्रभावित करती है बल्कि सेहत को गंभीर नुकसान पहुंचा सकती है. ऐसे में मिलावटी तेल की पहचान करना जरूरी हो जाता है, ताकि स्वास्थ्य पर पड़ने वाले जोखिम से बचा जा सके. 

 कैसे की जाती है मिलावट?

भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण के मुताबिक, सरसों के तेल में कई प्रकार की मिलावट की जाती है. FSSAI के अनुसार, सरसों के तेल में अक्सर आर्गेमोन तेल, पाम तेल, मिनरल ऑयल या करंजा तेल जैसी हानिकारक चीजों की मिलावट की जाती है, जिससे स्वास्थ्य को गंभीर खतरा पैदा हो सकता है. इतना ही नहीं कई जगहों पर तो आर्टिफिशियल कलर भी मिलाया जाता है.

कैसे करे पहचान? 

असली सरसों के तेल में एक तेज और तीखी सुगंध होती है, जो नाक में हल्की सी चुभन पैदा करती है. इसका स्वाद भी थोड़ा कड़क और गर्माहट भरा लगता है. यदि तेल से कोई विशेष गंध न आए, सुगंध बहुत कमजोर हो या यह पूरी तरह रिफाइंड तेल जैसा महसूस हो, तो संभव है कि इसमें किसी सस्ते तेल की मिलावट हो. 

हथेली पर रगड़कर जांच

कुछ बूंदें सरसों के तेल की हथेली पर लें और दोनों हाथों से जोर से रगड़ें. शुद्ध तेल रगड़ने पर उसकी तेज सुगंध और अधिक तेज हो जाती है तथा कुछ समय तक टिकी रहती है. अगर गंध जल्दी उड़ जाए या बिल्कुल अलग प्रकार की लगे, तो यह मिलावट का स्पष्ट संकेत हो सकता है. 

फ्रिज में कैसे करे टेस्ट?

एक छोटे से बर्तन में सरसों का तेल डालकर इसे फ्रिज में 12 घंटे के लिए रख दें. असली सरसों का तेल ठंडक में थोड़ा गाढ़ा हो सकता है, लेकिन यह परतों में अलग-अलग नहीं जमेगा. यदि तेल विभिन्न परतों में जमने लगे या कुछ हिस्सा ठोस हो जाए जबकि बाकी तरल रहे, तो इसमें अन्य तेल की मिलावट की संभावना है. 

तेल के रंग से कैसे करे पहचान?

तेल के रंग से करें पहचानशुद्ध सरसों के तेल का रंग गहरा पीला या हल्का सुनहरा होता है. अगर तेल बहुत अधिक हल्का, पारदर्शी या किसी अन्य रंग का दिखाई दे, तो मिलावट हो सकती है. क्योंकि मिलावटी तेल में आर्टिफिशियल रंग मिलाए जाते हैं, जिससे यह फीका और असामान्य लगता है.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो

close alt tag