'गौरव गोगोई और उनके परिवार के पाकिस्तान से संबंध', हिमंत बिस्वा सरमा का दावा
असम की राजनीति में उस वक्त भूचाल आ गया जब मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कांग्रेस नेता गौरव गोगोई और उनके परिवार के पाकिस्तान से कथित संबंधों का दावा किया. सीएम ने साफ कहा कि इस मामले में जल्द ही ठोस सबूत जनता के सामने रखे जाएंगे, जिसके बाद सियासी घमासान तेज हो गया है.

असम: असम की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है. मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष और लोकसभा में विपक्ष के उपनेता गौरव गोगोई को लेकर पाकिस्तान से कथित संबंधों का गंभीर आरोप लगाया है. मुख्यमंत्री ने दावा किया है कि इस मामले में जल्द ही ठोस सबूत जनता के सामने रखे जाएंगे.
हिमंत बिस्वा सरमा के इस बयान के बाद राज्य की सियासत में तीखी बहस छिड़ गई है. एक ओर जहां मुख्यमंत्री जांच और सबूतों की बात कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर गौरव गोगोई ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है.
वायरल वीडियो और 'पैजान' शब्द पर क्या बोले सीएम
मुख्यमंत्री से सोशल मीडिया पर वायरल एक बीजेपी वीडियो और उसमें इस्तेमाल हुए 'पैजान' शब्द को लेकर सवाल पूछा गया, जिसे सीधे तौर पर गौरव गोगोई से जोड़ा जा रहा था. इस पर हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि उन्हें सोशल मीडिया पर चल रही ऐसी बातों की जानकारी नहीं है.हालांकि, उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि "गौरव गोगोई और उनके परिवार के पाकिस्तान से संबंध जरूर मौजूद हैं."
पहले भी लग चुके हैं ISI से संबंधों के आरोप
हिमंत बिस्वा सरमा ने दोहराया कि वह पहले भी गौरव गोगोई और उनकी पत्नी एलिजाबेथ कोलबर्न पर पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से कथित संबंधों को लेकर आरोप लगा चुके हैं.
इन आरोपों के बाद राज्य सरकार ने एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया था. मुख्यमंत्री के अनुसार, इस टीम ने अपनी रिपोर्ट पिछले साल सितंबर में उन्हें सौंप दी थी.
'देश की संप्रभुता से जुड़े गंभीर सवाल'
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि जांच एजेंसी को ऐसे तथ्य मिले हैं जो सीधे तौर पर देश की संप्रभुता और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े गंभीर सवाल खड़े करते हैं.उन्होंने यह भी संकेत दिया कि इस मामले को जल्द ही किसी केंद्रीय एजेंसी को सौंपा जाएगा, ताकि "उचित और निष्पक्ष जांच" हो सके.
गौरव गोगोई का पलटवार 'घटिया फिल्म'
दूसरी ओर, कांग्रेस नेता गौरव गोगोई ने मुख्यमंत्री के सभी आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया है. उन्होंने कहा कि हिमंत बिस्वा सरमा के बयान "घटिया फिल्म" की तरह हैं, जिन्हें असम की जनता पहले ही समझ चुकी है.गोगोई का कहना है कि इस तरह के आरोपों का जनता पर कोई असर नहीं पड़ने वाला.
असम की राजनीति में बढ़ी हलचल
इस पूरे मामले ने असम की राजनीति में एक नई बहस को जन्म दे दिया है. जहां एक तरफ मुख्यमंत्री सबूत और जांच की बात कर रहे हैं, वहीं विपक्ष इसे राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप बता रहा है. अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि आगे की जांच में क्या खुलासे होते हैं.


